सत्ता मिलते ही एक्शन में त्रिवेंद्र...अब करने जा रहे हैं ये बड़ा ऐलान !
Mar 22 2017 11:17AM, Writer:Riteish
आखिरकार उत्तराखंड की जनता को नई सरकार और नए मुख्यमंत्री के साथ साथ नए मंत्री भी मिल गए हैं ऐसे में मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत के सामने ना केवल प्रदेश को विकास के पथ पर आगे ले जाने की चुनौती होगी। वहीं पार्टी संगठन के साथ भी संतुलन बनाए रखना होगा। पहले तो पहाड़ की समस्याओं और पहाड़ की जनता का मात्र जिक्र नहीं करना होगा। उनकी फिक्र भी करनी होगी। विकास के आयाम पहाड़ में आराकोट से असकोट तक पहुंचे इसकी जिम्मेदारी सरकार को निभानी होगी। साथ ही शिक्षा, जगार, लायन, स्वास्थ्य जैसी समस्याओं पर भी काम करके दिखाना होगा। इसके अलावा त्रिवेन्द्र सिंह रावत को विधायकों में भी संतुलन बनाए रखना होगा। क्योंकि जीतकर आए हैं 57 विधायक, और 9 में से 5 मंत्री वो विधायक बनें हैं जो कांग्रेस छोड बीजेपी में आए थे।
ऐसे में दूसरे विधायकों को भी मनाए रखना होगा। हालांकि अपनी पहली ही कैबिनेट बैठक में पूरी कैबिनेट ने उत्तराखंड में कर्ज के मर्ज को जानने की कोशिश की। सूत्रों की माने तो भाजपा के पुराने विधायकों में भले ही थोड़ी नाराजगी हो लेकिन जिन्हें मंत्रिमंडल में जगह दी है उससे भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह साफ संदेश देना चाहते हैं कि जो भाजपा का साथ देता है उसे भाजपा कभी निराश नहीं करती। मुख्यमंत्री प्रदेश के विकास को लेकर पूरी जिम्मेदारी उठाने की बात कर रहे हैं, वहीं उनके मंत्रिमंडल के महत्वपूर्ण चेहरों की भी जिम्मेदारी कम नहीं है जो अनुभवी हैं उनके अनुभव का लाभ भी लेना होगा और जो नए हैं उनकी ऊर्जा को दिशा भी देनी होगी।