लीजिए...फिर विवादों में बाबा रामदेव..एक नहीं दो-दो बार 64 करोड़ का चेक बाउंस !
Apr 14 2017 3:50PM, Writer:मीत
स्वामी रामदेव की कंपनी पतंजलि ने फूड पार्क बनाने के लिए नागपुर में 230 एकड़ जमीन का अधिग्रहण किया है। पिछले साल अगस्त में यहां भूमि पूजन करवाया गया था। इसके बाद पतंजलि ने कहा कि वो इस इलाके में एक्सपोर्ट यूनिट लगाने की प्लानिंग कर रहा है और इसके लिए 106 एकड़ जमीन और चाहिए। जमीन के अधिग्रहण के लिए रामदेव और पतंजलि के मैनेजिंग डायरेक्टर आचार्य बालकृष्ण ने 10 करोड़ रुपये का चेक टोकन अमाउंट के तौर पर दिया था। इसके बाद 64 करोड़ रुपये का चेक भी दिया गया। ये चेक दो बार बाउंस हो चुका है। खबर है कि पतंजलि ने पंजाब नेशनल बैंक की हरिद्वार शाखा का चेक दिया था। इस चेक को MADC ने आईडीबीआई बैंक में जमा कराया। आईडीबीआई बैंक का कहना है कि इस चेक के बाउंस होने की वजह से पतंजलि के अकाउंट की सिचुएशन 21-25 के तहत ब्लॉक होना है।
इस चेक के बाउंस होने से पंतजलि विवादों में नजर आ रही है। इससे पहले कांग्रेस नेता संजय निरुपम भी पतंजलि के खिलाफ एक जनहित याचिका दायर कर चुके हैं। इससे पहले हमने आपको बताया था कि पतंजलि लगातार अपना बिजनमेस बढ़ाती जा रही है। देश की कई दिग्गज कंपनियों को बिजनेस के मामले में पछाड़ने के बाद पतंजलि का अगला टार्गेट चीन पर है। स्वामी रामदेव अब चीन में अपना बिजनेस प्लान तैयार करने जा रहे हैं। पतंजलि आयुर्वेद ने मोदी सरकार की 'ऐक्ट ईस्ट पॉलिसी' के साथ काम करते हुए भारत के पूर्वी मुल्कों में अपना बिजनेस बढ़ाने का प्लान तैयार किया है। दरअसल पतंजलि की अगली योजना झारखंड के साहिबगंज में अपनी प्रोडक्शन यूनिट खोलने की है। खबर है कि इस जिले को केंद्र सरकार मल्टी-मॉडल हब बनाएगी। इस इलाके को दक्षिण एशियाई देशों को जल, वायु और सड़क मार्ग से जोड़ने पर काम चल रहा है।
एक्सपर्ट्स का कहना है कि इस टर्मिनल की मदद से पंतजलि चीन, बांग्लादेश, म्यामांर और बाकी देशों में अपने सामान का निर्यात करेगी। जलमार्ग के जरिए कंपनी को लॉजिस्टिक्स पर कम खर्चा करना पड़ेगा और इस तरह से ये कंपनी पूर्वी एशिया में अपनी पैठ बना सकेगी। पतंजलि के प्रवक्ता ने एक सवाल के जवाब में कहा है कि वो झारखंड सरकार के साथ बात कर रहे हैं। इसके अलावा वो झारखंड में औद्योगिक विकास पर काम करेंगे। इससे पहले पत्रिका फोर्ब्स में भी पतंजलि को भारत की टॉप मोस्ट कंपनियों में कहा गया है। लेकिन अब जिस तरह से बाबा की कंपनी यानी पतंजलि के दो-दो चेक बाउंस हुए हैं, उससे लग रहा है कि बाबा के विवाद खत्म होने का नाम नहीं ले रहे। अब देखना है कि ये मामला और कितना तूल पकड़ता है। साथ ही ये भी देखना होगा कि इस पर बाबा रामदेव क्या बयान देते हैं।