एक्शन में उत्तराखंड के शिक्षा मंत्री...बेरोजगारों के लिए खुशखबरी...बेईमानों के दिन लद गए !
Apr 20 2017 9:23PM, Writer:मीत
उच्च शिक्षा राज्यमंत्री धन सिंह रावत का कहना है कि दस साल से एक ही कॉलेज में जमे शिक्षकों का तबादला किया जाएगा। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि साढ़े सात सौ शिक्षकों की नियुक्ति करने के बारे में लोक सेवा आयोग को पत्र भेजा जा चुका है। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि प्रिंसिपल के खाली पदों पर एक महीने के भीतर नियुक्ति कर दी जाएगी। उन्होंने कहा कि इन नियुक्तियों के लिए उच्च शिक्षा आयोग तैयार किया जाएगा। खास बात ये भी है छात्रों और शिक्षकों की सहायता के लिए अलग-अलग टोल फ्री नंबर जारी किए जाएंगे। दरअसल धन सिंह रावत ने नैनीताल क्लब में कुलपतियों और प्रोफेसर्स के साथ समीक्षा बैठक की। इसके बाद उन्होंने मीडिया को संबोधित किया।उन्होंने बताया कि विश्वविद्यालयों और महाविद्यालयों को 25 जून तक शैक्षणिक कैलेंडर घोषित करने को कहा गया है। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड के 22 महाविद्यालयों में ड्रेस कोड लागू हैं।
अब बाकी महाविद्यालयों में भी ड्रेस कोड लागू किया जाएगा। कॉलेज भवन और अन्य निर्माण कार्यों की गुणवत्ता की निगरानी के लिए तीन सदस्यीय कमेटी का गठन किया जाएगा। एक बार फिर से शइक्षा मंत्री ने दोहराया कि हर कॉलेज में राष्ट्रीय गान होगा और 40 से 50 मीटर ऊंचा तिरंगा फहराया जाएगा। इसके साथ ही उनका कहना है कि तिरंगा फहराने का इंतजाम करने के लिए किसी खनन या शराब माफिया का पैसा नहीं लगेगा। शिक्षा मंत्रई ने कहा कि उत्तराखंड के हर कॉलेज में लाइब्रेरी के लिए हर विधायक से 5 से 10 लाख की रकम उनकी विधायक निधि से ली जाएगी। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय उच्चतर शिक्षा अभियान की समीक्षा के लिए समिति का गठन किया जाएगा। उन्होंने दावा किया कि उच्च शिक्षा में सुधार के लिए ठोस कदम उठाए जा रहे हैं।
इसके साथ ही उन्होंने कहा कि महाविद्यालयों में तब तक नए विषय शुरू नहीं होंगे, जब तक कि पहले से चल रहे विषयों के लिए शिक्षकों की तैनाती ना हो। उन्होंने बताया कि महाविद्यालयों में एडमिशन, परीक्षा और परिणाम तय वक्त के मुताबिक ही होंगे। लग रहा है कि प्रदेश के शिक्षा मंत्री शिक्षा को सुधारने के पूरे मूड में हैं। उन्होंने कहा कि गुणवत्तापरक शिक्षा और शोध के लिए कड़े से कड़े कदम उठाए जाएंगे। इसके बाद रावत ने पिछली सरकार पर उच्च शिक्षा का बेड़ा गर्क करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि अब केंद्र के सहयोग से उच्च शिक्षा की दशा सुधारी जाएगी। उन्होंने बताया कि हरियाणा की तर्ज पर उच्च शिक्षा को उद्योग से जोड़ा जाएगा, जिससे छात्रों को रोजगार से जोड़ा जा सके। कहा जा सकता है कि उत्तराखंड के युवाओं में कौशल विकास करने और रोजगार बढ़ाने के लिए शिक्षा मंत्री लगातार काम कर रहे हैं। इससे पहले उन्होंने कहा था कि उत्तराखंड में रहने वाले हर शख्स को वंदे मातरम् कहना होगा, जिसके बाद विवाद भी हुआ था।