बद्रीनाथ का वो ‘राष्ट्रपति भवन’...जहां ठहरेंगे प्रणब मुखर्जी...अरसे का कलेऊ ले जाएंगे !
Apr 28 2017 7:57PM, Writer:मीत
6 मई को बदरीनाथ दौरे पर आ रहे राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी 'राष्ट्रपति भवन' में विश्राम करेंगे। जिस तीन मंजिला वीआइपी गेस्ट हाऊस में राष्ट्रपति के ठहरने की व्यवस्था की जा रही है स्थानीय स्तर पर उसे इसी नाम से जाना जाता है। वजह ये कि साल 1958 में देश के पहले राष्ट्रपति राजेंद्र प्रसाद के लिए इस भवन का निर्माण किया गया था। तब तत्कालीन राष्ट्रपति जोशीमठ से बदरीनाथ से पालकी में आए थे। बदरी-केदार मंदिर समिति के मुख्य कार्याधिकारी का कहना है कि राष्ट्रपति के आगमन को लेकर बदरीनाथ में तैयारियां जोरों पर हैं। वीआइपी गेट के सामने जिस भवन में राष्ट्रपति विश्राम करेंगे, उसे सजाया संवारा जा रहा है। इस भवन में दो बेडरूम, एक ड्राइंग, एक डाइनिंग रूम, रसोई और दो वाशरूम हैं। इस भवन के पृष्ठ भाग से अलकनंदा और आगे से मंदिर का सिहंद्वार दिखता है। भवन में रंग-रोगन का कार्य चल रहा है। उन्होंने बताया कि प्रणब मुखर्जी सुबह 8.40 बजे बदरीनाथ धाम पहुंचेंगे।
विशेष पूजा-अर्चना के बाद वो करीब एक घंटा यहां विश्राम करेंगे। बदरी-केदार मंदिर समिति 6 मई को राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी की बदरीनाथ यात्रा को यादगार बनाने की तैयारी कर रही है। राष्ट्रपति को विशेष प्रसाद के साथ ही रिंगाल की रंग-बिरंगी टोकरी में स्थानीय चावल से बने अरसे और आटे से बने रोटन की सौगात दी जाएगी। उन्होंने बताया कि ये मिठाई जोशीमठ में तैयार कराई जा रही हैं। स्थानीय कारीगरों ने टोकरी का निर्माण भी शुरू कर दिया है। प्रणब दा को प्रसाद के तौर पर अंगवस्त्र और चौलाई के लड्डू दिए जाएंगे। उत्तराखंड को देवभूमि कहा जाता है। यहां केदारनाथ और बद्रीनाथ धाम हैं। जिनकी महत्ता पूरी दुनिया में मानी जाती है। दुनिया के कोने कोने से लोग यहां पर भोलेनाथ की शरण में आते हैं। यूपी के नए सीएमं योगी आदित्यनाथ भी भोलेनाथ के भक्त हैं। अब केदारनाथ के कपाट खुलने वाले हैं। भोलेनाथ के दरबार के कपाट खुले और योगी ना आएं ? जी हां योगी आदित्यनाथ केदारनाथ के दर्शन के लिए आने वाले हैं।
उनके साथ साथ देश के कई बड़े लोग यहां आने वाले हैं। इनमें राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी का नाम भी शामिल है। राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री के उत्तराखण्ड दौरे को लेकर सचिवालय में मुख्य सचिव एस रामास्वामी ने अधिकारियों की बैठक ली। इस बैठक में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर चर्चा की गई। राष्ट्रपति 5 मई को देहरादून पहुंचेंगे। प्रणव मुखर्जी का रात्रि विश्राम देहरादून में ही होगा। इसके बाद वो 6 मई को बदरीनाथ धाम के दर्शन करेंगे। वहीं 2 मई को प्रधानमंत्री के देहरादून पहुंचने की संभावना है। पीएम 3 मई को केदारनाथ जाएंगे। लिहाजा प्रधानमंत्री और राष्ट्रपति के कार्यक्रम को देखते हुए मुख्यसचिव ने दोनों धामों में सुरक्षा के साथ ही दूसरी सभी व्यवस्थाओं को चाक चैबंद रखने के निर्देष दिए हैं। आपको बता दें कि इंदिरा गांधी नेशनल फारेस्ट एकेडमी के दीक्षांत समारोह में बतौर मुख्य अतिथि शिरकत करने राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी पांच मई को दून पहुंचेंगे। राजपुर रोड स्थित आशियाना में रात गुजारने के बाद अगले दिन दोपहर 12 बजे वह वापस दिल्ली लौट जाएंगे।