Video: उत्तराखंड फैशन वीक, देखिए देवभूमि के पारंपरिक परिधानों में खूबसूरत मॉडल्स !
Jul 25 2017 8:24PM, Writer:kapil
उत्तराखंड के पारंपरिक परिधानों की हर जगह डिमांड बढ़ रही है। यकीन नहीं होता तो ये वीडियो देख लीजिए। उत्तराखंड फैशन वीक का ये वीडियो बेहतरीन है। जाहिर है कि हर पहाड़ी को इस वीडियो के देखकर गर्व होगा। मॉडलिंग में अपनी खूबसूरती के जलवे बिखरने वाली उत्तराखंड की तमाम लड़कियों ने इस प्रतियोगिता में उत्तराखंड के पारंपरिक परिधान पहने और रैंप पर उतरीं। मॉडल्स का कहना था कि प्रतियोगिता के लिए उन्होंने उत्तराखंड की संस्कृति और वेशभूषा पर आधारित परिधानों को चुना था। प्रतियोगिता के लिए मॉडल्स ने उत्तराखंड के पारंपरिक परिधान के साथ ही कई आभूषण भी पहने। कार्यक्रम के आयोजकों का कहना है कि हम जिस जगह से हैं, हमें उनके बारे में अच्छे से जानकारी होनी चाहिए। प्रतियोगिता में उत्तराखंड से संबंधित परंपराओं और भेषभूषा को भी शामिल किया गया था। इसके लिए उन्होंने पारंपरिक आभूषण और नथ, मांग टीका और अन्य आभूषण भी बनवाए थे।
कुल मिलाकर कहें तो रैंप पर उत्तराखंड की संस्कृति और परंपराओं से भी लोगों को रूबरु करवाया। पारम्परिक रूप से उत्तराखण्ड की महिलाएं घाघरा तथा आंगड़ी, तथा पूरूष चूड़ीदार पजामा व कुर्ता पहनते थे। अब इनका स्थान पेटीकोट, ब्लाउज व साड़ी ने ले लिया है। जाड़ों (सर्दियों) में ऊनी कपड़ों का उपयोग होता है। विवाह आदि शुभ कार्यो के अवसर पर कई क्षेत्रों में अभी भी सनील का घाघरा पहनने की परम्परा है। गले में गलोबन्द, चर्यो, जै माला, नाक में नथ, कानों में कर्णफूल, कुण्डल पहनने की परम्परा है। सिर में शीषफूल, हाथों में सोने या चाँदी के पौंजी तथा पैरों में बिछुए, पायजब, पौंटा पहने जाते हैं। घर परिवार के समारोहों में ही आभूषण पहनने की परम्परा है। विवाहित औरत की पहचान गले में चरेऊ पहनने से होती है। विवाह इत्यादि शुभ अवसरों पर पिछौड़ा पहनने का भी यहाँ चलन आम है। लोक कला की दृष्टि से उत्तराखण्ड बहुत समृद्ध है। घर की सजावट में ही लोक कला सबसे पहले देखने को मिलती है।
इससे पहले हमने आपको बताया था कि हॉलीवुड के फिल्म निर्माता गोरान पासकल जैविक की निर्माणाधीन हिंदी और अंग्रेजी फिल्म देवभूमि में अधिकतर किरदार ठेठ उत्तराखंडी पोशाक में नजर आएंगे। उत्तराखंडी फिल्मों के ड्रेस डिजाइनर कैलाश ने इस फिल्म में कलाकारों के ड्रेस डिजाइन किए हैं। इस फिल्म में आंगड़ी, अंगड़ी, गात्ती, लवा, पाखली जैसी पुराने पारंपरिक गढ़वाली पोशाक देश दुनिया में दिखेंगे। देवभूमि नामक इस फिल्म की शूटिंग इन दिनों रूद्रप्रयाग जनपद के गुप्तकाशी और चमोली जनपद के जोशीमठ में हो रही है। हालांकि इस फिल्म की शूटिंग विदेशों में भी होनी है। यह फिल्म हॉलीवुड व बॉलीवुड फिल्म उद्योग के लिए बन रही है। कुल मिलाकर कहें तो उत्तराखंड के परिधानों का जलवा इस वक्त देश ही नहीं बल्कि विदेश में भी देखने को मिल रहा है। फिलहाल आप उत्तराखंड फैशन वीक का ये वीडियो देखिए। और हां अगर आपको पसंद आए तो ये वीडियो शेयर भी कीजिएगा।