उत्तराखंड के लिए आज की अच्छी खबर, सीएम त्रिवेंद्र रावत लाए GOOD NEWS !
Jul 31 2017 4:22PM, Writer:अमित
बार बार उत्तराखंड के लिए कहा जाता है कि यहां स्वास्थ्य सेवाओं के हालात खराब हैं। इस बीच हम आपके लिए एक शानदार खबर लेकर आए हैं। अब जल्द ही उतराखँड के हर गांव, हर कस्बे में ये समस्या कत्म हो जाएगी। इसके लिए सीएम त्रिवेंद्र ने बड़ा ऐलान किया है। इसकी जानकारी सीएम त्रिवेंद्र ने बकायदा सोशल नेटवर्किंग पेज पर दी है। सीएम त्रिवेंद्र ने अपने फएसबुक पेज पर लिखा है कि ‘उत्तराखंड में डॉक्टरों की कमी दूर करने व स्वास्थ्य सेवाओं को और बेहतर बनाने के मकसद से आज स्वास्थ्य विभाग व स्वामी राम हिमालयन विश्वविद्यालय के बीच समझौता किया गया।इस समझौते से राज्य के सरकारी अस्पतालों में डॉक्टरों की कमी दूर करने में मदद मिलेगी।‘ कुल मिलाकर कहें तो उत्तराखंड के सरकारी अस्पतालों के लिए सरकार ने एक अच्छी पहल की है। माना जा रहा है कि सरकार सबसे पहले गांव और सुदूरवर्ती इलाकों में डॉक्टर्स की तैनाती कर सकती है।
इससे पहले भारतीय सेना ने भी उत्तराखंड के लिए बड़ा ऐलान किया है। सेना ने सरकार को आश्वासन दिया है कि रिटायरमेंट के बाद उनके स्पेशलिस्ट डॉक्टर उत्तराखंड राज्य में अपनी सेवाएं देने को तैयार हैं।102 वरिष्ठ डॉक्टरों के आवेदन आ चुके हैं। ये उत्तराखंड के लिए एक अच्छी खबर साबित हो सकती है। उत्तराखंड के कई जिले के कई गांव अभी भी स्पेशलिस्ट डॉक्टरों के लिए तरस रहे हैं। ऐसे में सरकार की प्लानिंग है कि गांव गाव में स्पेशलिस्ट डॉक्टर तैनात किए जाए। भारतीय सेना के डॉक्टर्स को वैसे भी गजब का स्पेशलिस्ट माना जाता है। यानी कहा जा सकता है कि आने वाले वक्त में डॉक्टर्स की संख्या लगातार बढ़ेगी। हले सेना ने उत्तराखंड के लिए बड़ा काम का है और अब एक और अच्छई खबर निकलकर सामने आ रही है। स्वास्थ्य विभाग और स्वामी राम हिमालयन विश्वविद्यालय के बीच समझौता भी काफी अहम माना जा रहा है।
इससे पहले हमने आपको बताया था कि सेना के डॉक्टर रिटायरमेंट के बाद उत्तराखंड राज्य को अपनी सेवाएं देने जा रहे हैं। आर्मी चीफ जनरल बिपिन रावत वैसे भी उत्तराखंड के ही रहने वाले हैं। माना जा रहा है कि इससे गांव गांव में लोगों के हेल्थ चेकअप के लिए टीम तैयार होगी। गांव के जो अस्पताल सूने पड़े हैं, कहा जा रहा है कि वहां सबसे पहले इन डॉक्टर्स की तैनाती की जा सकती है। ऐसे में सरकार के सामने एक और बड़ी डील से साबित हो रहा है कि आने वाले वक्त में पहाड़ों से स्वास्थ्य की समस्या खत्म हो सकती है। फइलहाल पहाड़ों की तस्वीर बदलने के लिए एक अच्छी पहल तो हो गई है। अब सवाल ये है कि क्या आने वाले वक्त में उत्तराखंड में स्वास्थ्य सेवाएं बहाल हो पाएंगी ? क्या लोगों को गंभीर बीमारियों से निजात मिल सकेगी ? इस सवाल का जवाब फिलहाल भविष्य के गर्त में छिपा है। देखना है कि आगे किस तरह से उत्तराखंड की तस्वीर बदलती है।