आतंकवादियों के खात्मे के बाद अब नेताओं का नंबर, इस आर्मी ऑफिसर ने बताई बड़ी बात!
Sep 27 2017 8:37PM, Writer:सुमित
आतंकवाद से प्रभावित दक्षिण कश्मीर में सेना के कमांडर का कहना है कि कश्मीर में आतंकियों की कमर टूट चुकी है। इसके साथ ही इस कमांडर का कहना है कि अब बहुत ज्यादा राजनीतिक दूरदर्शिता की जरूरत आ गई है। उनका कहना है कि इससे दशकों पुरानी पृथकतावादी समस्या का समाधान हो सकता है। ये बयान दिए हैं दक्षिण कश्मीर के पांच जिलों में आतंकवाद के खिलाफ अभियान चलाने वाली विक्टर फोर्स के चीफ मेजर जनरल बीएस राजू ने। उनका कहना है कि अब ऐसा कोई इलाका नहीं है, जहां आतंकवादियों का प्रभाव हो। उन्होंने कहा कि इस वक्त कश्मीर के आतंकवादी अपने बचाव में लगे हैं। आर्मी का पूरा ध्यान अब इस बात पर है कि आतंकी सगठनों में और लोग शामिल ना हों। इसके साथ उन्होंने कहा कि अब कश्मीर के स्थानीय लोगों को इस बात का भरोसा दिया जा रहा है कि सेना उनकी मदद कर रही है।
इस काम के लिए सैनिकों ने स्कूलों और कॉलेजों में अलग अलग प्रोग्राम शुरू कर दिए हैं। बीएस राजू का कहना है कि ज्यादातर लोग अब समाधान चाहते हैं। माना जा रहा है कि अब दक्षिण कश्मीर में 120 सशस्त्र आतंकवादी बचे हैं। हो सकता है कि ये संख्या 150 भी हो। बीएस राजू कहते हैं कि आतंकी अब सेना को सीधे निशाना नहीं बना रहे, बल्कि स्थानीय नागरिकों को ही मारने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि अब हालात ऐसे मुकाम पर पहुंच गए हैं, जहां राजनीतिक पहल की शुरुआत हो सके। राजू कहते हैं कि सुरक्षा बलों और सरकार की एक सबसे बड़ी समस्या वो युवा और बच्चे थे, जो पत्थरबाजों के गुट में शामिल हो रहे थे। उन्होंने बताया कि इसके लिए सेना वगातार काम कर रही है। बच्चों को व्यस्त रखने के लिए सेना ने कुछ प्रोग्राम शुरू किए हैं। उन्होंने कहा कि खेल, ड्रॉइंग और पढ़ाई की चीजें बांटकर सेना बेहतरीन काम कर रही है।
उन्होंने कहा कि अब केंद्र सरकार पर निर्भर करता है कि वो आगे क्या कदम उठाती है। हो सकता है कि उनका इशारा कश्मीर के ही कुछ ऐसे नेताओं पर है, जो लगातार हालात को बिगाड़ने की कोशिश कर रहे हैं। राजू ने हाल में मोदी सरकार और जम्मू कश्मीर की सत्तारूढ़ पार्टी के बड़े नेताओं के कश्मीर के सभी पक्षों से बात करने की इच्छा जताने वाले बयानों का जिक्र करते हुए ये सारी बातें कही हैं। राजू का कहना है कि वो एक मजबूत किशोर न्याय प्रणाली का समर्थन करते हैं, जिसमें लोगों को हिरासत में रखने के सेंटर हों। कुल मिलाकर बीएस राजू कह रहे हैं कि कश्मीर से आतंकवादियों को लगभग खत्म कर दिया है और अब देश के नेताओं का नंबर है कि वो आगे क्या करने जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि कश्मीर के लोगों के साथ बातचीत करनी होगी जिससे उन्हें ये बताया जा सके कि क्या दिया जा सकता है और क्या देना संभव नहीं है।