image: Alaknanda Water Level Rises Due to Heavy Rainfall

बदरीनाथ धाम में मूसलाधार बारिश से नदी उफान पर, घाट जलमग्न.. प्रशासन ने जारी किया हाई अलर्ट

बदरीनाथ धाम क्षेत्र में लगातार हो रही भारी बारिश के कारण अलकनंदा नदी उफान पर है। नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ने से घाट जलमग्न हो गए हैं। प्रशासन ने हाई अलर्ट जारी करते हुए लोगों और चारधाम यात्रियों से सतर्क रहने की अपील की है।
Jun 30 2026 7:31PM, Writer:राज्य समीक्षा डेस्क

उत्तराखंड के बदरीनाथ धाम क्षेत्र में लगातार हो रही भारी बारिश के कारण अलकनंदा नदी ने विकराल रूप धारण कर लिया है। लगातार बढ़ते जलस्तर और तेज बहाव ने स्थानीय प्रशासन की चिंता बढ़ा दी है। नदी अपने सामान्य बहाव क्षेत्र से लगभग 20 से 25 मीटर तक फैल गई है, जिससे नदी किनारे स्थित सभी घाट पूरी तरह जलमग्न हो गए हैं।

Alaknanda River Water Level Rises Due to Heavy Rainfall

चमोली जिले के ऊपरी इलाकों में लगातार हो रही बारिश के चलते अलकनंदा नदी में भारी मात्रा में पानी, मलबा और बड़े-बड़े बोल्डर बहकर आ रहे हैं। इसके कारण नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है और किनारों पर कटाव का खतरा भी बढ़ गया है। प्रशासन संवेदनशील क्षेत्रों पर लगातार निगरानी बनाए हुए है और नदी तटीय इलाकों में रहने वाले लोगों को अतिरिक्त सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।

घाटों पर आवाजाही पूरी तरह प्रतिबंधित

स्थिति की गंभीरता को देखते हुए प्रशासन ने एहतियातन नदी किनारे स्थित सभी घाटों पर लोगों की आवाजाही पूरी तरह प्रतिबंधित कर दी है। आगे पढ़िए..

पुलिस, प्रशासन, आपदा प्रबंधन विभाग और राजस्व विभाग की टीमें लगातार जलस्तर की निगरानी कर रही हैं। किसी भी संभावित आपदा से निपटने के लिए राहत एवं बचाव दलों को हाई अलर्ट पर रखा गया है।

अगले चार दिन भारी बारिश का अलर्ट

मौसम विभाग ने उत्तराखंड के कई जिलों में अगले चार दिनों तक भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। इसे देखते हुए जिला प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे अनावश्यक यात्रा से बचें, नदी-नालों और गदेरों के पास न जाएं तथा प्रशासन और मौसम विभाग द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करें। चारधाम यात्रियों से भी मौसम की ताजा जानकारी लेने के बाद ही यात्रा आगे बढ़ाने की सलाह दी गई है।

प्रशासन ने लोगों से की यह अपील

प्रशासन ने कहा है कि वर्तमान मौसम परिस्थितियों को हल्के में न लें। नदी, नालों और जलभराव वाले क्षेत्रों से पूरी तरह दूरी बनाए रखें। किसी भी अपुष्ट या भ्रामक सूचना पर विश्वास न करें और किसी भी आपात स्थिति में तुरंत पुलिस, जिला आपदा नियंत्रण कक्ष या संबंधित अधिकारियों को सूचना दें, ताकि राहत एवं बचाव कार्य समय पर शुरू किया जा सके। अधिकारियों के अनुसार सभी संबंधित विभाग 24 घंटे अलर्ट मोड पर हैं और आवश्यक संसाधनों के साथ राहत दल पूरी तरह तैयार हैं।


View More Latest Uttarakhand News
View More Trending News
  • More News...

News Home