image: Dm deepak rawat took new action

देवभूमि के इस जिलाधिकारी ने वो कर दिखाया, जो आज तक नहीं हो पाया था

Dec 23 2017 8:39PM, Writer:कपिल

देवभूमि हरिद्वार में आज तक जो नहीं हो पाया, वो जिलाधिकारी दीपक रावत ने वो काम कर दिया हैं। जी हां अपने तेज तर्रार अंदाज के लिए जाने जाने वाले जिलाधिकारी दीपक रावत ने हमेशा से विवादित रही भभूतावाला बाग के सीमांकन के लिए नगर निगम और बीएचईएल दोनो को निर्देशित कर दिया हैं। इसके लिए उन्होने दोनो को एक माह का समय दिया हैं। यही नहीं जिलाधिकारी ने यहां से कुछ रजिस्ट्रीयों को भी कब्जे में लिया हैं। दरअसल पिछले कई सालों में भभूतावाला बाग में नगर निगम और बीएचईएल के आपसी झगड़े के चलते अवैध कब्जे हो रहे थे। राजनितिक संरक्षण के होने वाले इन अवैध कब्जो पर अभी तक कोई भी जिलाधिकारी इस तरह की कार्यवाही नहीं कर पाया था।

यह भी पढें - Video: देवभूमि चाहती है ऐसे जिलाधिकारी, पहाड़ में रोजगार की पहल शुरू, गांवों के लिए खुशखबरी
यह भी पढें - Video: उत्तराखंड की शान हैं ऐसे जिलाधिकारी, शहीद के परिवार के लिए किया यादगार काम
आपको बता दे कि देवभूमि हरिद्वार में भगत सिंह चौक के पास भभूतावाला बाग़ और टिबड़ी क्षेत्र में बीएचईएल और देवभूमि हरिद्वार नगर निगम की भूमि है कई सालो से इस भूमि पर दोनों ही विभाग अपनी अपनी दावेदारी करते आये है। इन दोनों के आपसी विवाद का फायदा उठाकर कई लोगो ने इनकी भूमि पर अवैध कब्जे कर लिए है। लगातार मिल रही जनशिकायतों के आधार पर संज्ञान लेते हुए देवभूमि हरिद्वार के जिलाधिकारी दीपक रावत ने मौके पर पहुंचकर उक्त भूमि का निरिक्षण किया। जिलाधिकारी दीपक रावत ने कहा कि महीने के अंदर दोनों विभागों की भूमि को चिन्हित कर लिया जायेगा और इनकी भूमि पर हुए अवैध कब्जो को हटा दिया जायेगा। वही दूसरी और जिलाधिकारी ने इसी क्षेत्र में शंकर नाम के व्यक्ति द्वारा एक ही भूमि की पचास से अधिक बार रजिस्ट्री करने पर बड़ी बात कही।

यह भी पढें - उत्तराखंड को चाहिए ऐसे जिलाधिकारी, रुद्रप्रयाग की ये तस्वीर बहुत कुछ कहती है !
यह भी पढें - विडियो: खेल मंत्री का "रेप" पर बड़ा बयान, खेल संघ अधिकारियों में दहशत !
जिलाधिकारी दीपक रावत ने सोमवार को अधिकारियो को कागजात लेकर बुलाने और उसके नियमविरुद्ध मिलने पर इन रजिस्ट्री को रद्द करने की बात भी कही है।जिलाधिकारी दीपक रावत ने बताया कि उक्त जमीन पर हुई रजिस्ट्रियों को लेकर दोनों रजिस्ट्रारों और बीएचईएल को सोमवार को बुलाया गया है ताकि इस तरह के बेनामें भविष्य में ना हों और जो पूर्व में हो चुके हैं अगर वे नियम विरुद्ध हैं तो उन्हें ख़ारिज भी किया जाएगा। कहा कि इनका हिस्सा अलग-अलग चिन्हित करा दिया जायेगा और कब्ज़ा हटाने के लिए दोनों ओर से क़ानूनी प्रक्रिया का पालन किया जायेगा। सभी पक्षों को सुनकर न्याय संमत्त निर्णय किया जायेगा।


  • MORE UTTARAKHAND NEWS

View More Latest Uttarakhand News
  • TRENDING IN UTTARAKHAND

View More Trending News
  • More News...

News Home