image: Kirti chakra for major vijayant bisht of uttarakhand

उत्तराखंड के जांबाज मेजर को मिला कीर्ति चक्र, साहस की ये कहानी आपके रौंगटे खड़े कर देगी

Jan 26 2018 4:31PM, Writer:कपिल

उत्तराखंड के वीरों की गौरवगाथा का अगर हम बखान करना शुरू कर दें तो ना जाने कितने ही उपन्यास खत्म हो जाएंगे। वीरों की इस धरती ने देश को ऐसे ऐसे योद्धा दिए हैं, जिन्होंने अतुलनीय साहस और शौर्य की इबारत लिख डाली हैं। कोई जंग में अकेले लड़कर ही 300 चीनी सैनिकों पर भारी पड़ा, किसी ने आतंकियों के गढ़ में ही घुसकर पूरी की पूरी बस्ती को तबाह कर दिया, किसी ने पाकिस्तान के सेना पर गोलियों की ऐसी बौछार कर दी कि विरोध दुम दबाकर भाग गए, ऐसे होते हैं वीर पहाड़ी। ये पहाड़ का गौरवशाली अतिहास ही है कि देश की सेना में आज सबसे ज्यादा जवान उत्तराखंड से ही हैं। तो कोई क्यों ना इन वीर जवानों को सलाम करे। आज हम एक और गौरवशाली खबर लाए हैं। जिसके हकदार उत्तराखंड के वीर सपूत वास्तव में हैं। जानिए ये गौरवशाली गाथा।

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उत्तराखंड के जांबाज मेजर विजयंत बिष्ट को कीर्ति चक्र से सम्मानित किया गया है। गणतंत्र दिवस के मौके पर उत्तराखंड के लिए इससे गौरवशाली खबर कोई हो नहीं सकती। वर्तमान में मेजर विजयंत बिष्ट जम्मू-कश्मीर लाइट इंफेंट्री में तैनात हैं। अब हम आपको मेजर विजयंत बिष्ट की कहानी भी बता रहे हैं। मेजर विजयंत बिष्ट को भारतीय सेना का सिंघम भी कहा जाता है। पिछले साल यानी 2017 में 6 जून की रात मेजर विजयंत को खबर मिली कि जम्मू कश्मीर के उरी जिले में आतंकवादी घुसपैठ करने की कोशिश कर रहे हैं। ये जानकारी मिलते ही उनका खून खौल उठा। इसके बाद बिना वक्त गवाएं मेजर विजयंत बिष्ट अपनी टीम के साथ आतंकियों का मुकाबला करने पहुंच गए। मेजर विजयंत बिष्ट की टुकड़ी ने आतंकियों का डटकर सामना किया। इस दौरान भारतीय सेना के एक जवान को गोली लग गई थी।

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भारतीय सेना के जिस जवान को गोली लगी थी वो आतंकियों के कब्जे में आने वाला था। लेकिन मेजर विजयंत बिष्ट ने हुंकार भरी और दनादन आतंकियों पर गोलियां बरसा दी। आतंकवादियों की गोली से घायल उस राइफल मैन को बचाने में मेजर विजयंत बिष्ट सफल रहे। इसके बाद तो वो आतंकियों पर बरस गए। लंबी मुठभेड़ के दौरान उन्होंने एक आतंकवादी को मार गिराया। मेजर बिष्ट को उनके इस साहसिक कारनामे के लिए कीर्ति चक्र से सम्मानित किया गया है। मेजर विजयंत बिष्ट ने जिस तरह से शौर्य का परिचय दिया, वो हिंदुस्तान की गौरवगाथा में शामिल हो गया। दुश्मनों पर कहर बनकर टूट पड़ने वाले मेजर विजयंत बिष्ट फिलहाल जम्मू-कश्मीर लाइट इंफेंट्री। राज्य समीक्षा की टीम की तरफ से मेजर विजयंत बिष्ट को कीर्ति चक्र मिलने पर हार्दिक शुभकामनाएं।


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