image: ajay kothiyal youth foundation give new life to kajal

Video: पहाड़ की बेटी 13 साल से बिस्तर पर पड़ी थी, कर्नल कोठियाल ने दी नई जिंदगी

Aug 28 2018 8:37PM, Writer:कपिल

13 साल की काजल आज चलने लगी है। यह पल काजल के लिए, उसके परिवार के लिए व यूथ फाउंडेशन के लिए बहुत ख़ास है। और हो भी क्यों ना अपने 13 साल के जीवन में पहली बार काजल ने जमीन पर अपने कदम रखे हैं। 12 दिन की थी जब काजल के दोनों पैर जल गये सोचिये एक मासूम जो सिर्फ 12 दिन की है उसपर क्या बीती होगी। इतना दर्द, जलन कैसे उसने सही होगी। वो बड़ी हुई, स्कूल भी जाने लगी। माँ या दादी उसको पीठ पर बिठाकर स्कूल ले जाते व लेकर आते। 11 मई 2018 के दिन यूथ फाउंडेशन को काजल के हालातों का पता चला। यूथ फाउंडेशन ने उसके उपचार की जिम्मेदारी ली। दिल्ली से आई डॉक्टर्स की टीम ने काजल को सोनप्रयाग में ही चेक किया और दिल्ली इलाज के लिए आने को कहा। यूथ फाउंडेशन टीम काजल को दिल्ली के लेडी हार्डिंग हॉस्पिटल ले गयी जहाँ डॉक्टर आलोक सूद ने काजल का इलाज किया।

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काजल के दोनों पैरों के लिए कैलिपर जूते बनवाए गये और अब काजल ने कैलिपर के सहारे चलना शुरू कर दिया है। काजल की माँ जिसे काजल के पल-पल के दर्द का पूरा एहसास है, वो काजल को चलते हुए देखकर बहुत भावुक हुई। वह कहती है "12 दिन की बेटी को कराहते हुए रोते देखना एक माँ के लिए मानो बहुत बड़ी सज़ा है और आज 13 साल की उम्र में जब उसने पहली बार जमीन पर कदम रखे तो यह मेरे जीवन का सबसे अनमोल पल है। धन्यवाद यूथ फाउंडेशन। कर्नल अजय कोठियाल जी के कारण ही मेरी बेटी का जीवन सुखमय हुआ है।" हमने ये पोस्ट यूथ फाउंडेशन के फेसबुक पेज से ली है। आप भी ये विडियो देखिये।



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उत्तराखंड में कर्नल कोठियाल का ये संगठन बेहतरीन काम कर रहा है। कभी देश की रक्षा के लिए कर्नल कोठियाल ने सीने पर गोलियां खाई थी। आज ये शेरदिल जांबाज पहाड़ में कई परिवारों के चिरागों को नई जिंदगी दे चुके हैं। हाल ही में कर्नल अजय कोठियाल ने दिल की बीमारी से जूझ रहे एक मासूम की जान बचा ली थी। ऊखीमठ तहसील के ही जग्गी-बगवान गांव के रहने वाले मासूम के पिता और माता का रो-रोकर बुरा हाल था। आदर्श राणा के दिल में छेद था। डॉक्टर्स ने जब आदर्श के परिवार को इलाज का खर्चा बताया तो उनके पैरों तले जमीन खिसक गई थी। घर में दो जून की रोटी का बमुश्किल बंदोबस्त करने वाले परिवार के लिए ये रकम बहुत ज्यादा थी। कर्नल कोठियाल और यूथ फाउंडेशन की कोशिशें रंग लाई और डॉक्टर ऑपरेशन के लिए तैयार हुए। एम्स के डॉ. पी. राजशेखर ने आदर्श राणा के दिल का सफल ऑपरेशन किया था। कर्नल कोठियाल और उनके यूथ फाउंडेशन की जितनी तारीफ की जाए उतनी कम है।


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