IAS दीपक रावत ने दिखाई इंसानियत, ऐसे बने गरीब रिक्शा वाले के मददगार..देखिए
आखिर क्यों दीपक रावत को एक बेहतर IAS अफसर कहा जाता है, ये वीडियो इस बात का एक छोटा सा उदाहरण है। आप भी देखिए
Jul 30 2019 5:06PM, Writer:आदिशा
कुछ IAS अफसर हैं उत्तराखंड में, जिनकी तारीफ सिर्फ उत्तराखंड ही नहीं बल्कि उत्तराखंड के बाहर भी होती है। बेशक इस लिस्ट में दीपक रावत का नाम भी है। दीपक रावत को भले ही नई जिम्मेदारी मिली है लेकिन गरीब और बेसहारा लोगों के लिए उनके दिल में पहले भी जगह थी और अभी भी जगह है। हरिद्वार के डीएम रह चुके दीपक रावत का एक और वीडियो सोशल मीडिया पर आज ही आया है। एक गरीब रिक्शे वाला अपने रिक्शे के साथ बाहर बैठा है। वो उस रिक्शे में बैठकर ही अपनी मेहनत की कमाई से खाना खा रहा है। खाने के लिए रोटी तो है लेकिन रहने के लिए छत नहीं है। ऐसे में रिक्शे वाला अपने रिक्शे पर ही सो जाया करता है। रहने के लिए एक अदद छत मिल जाए, किसी गरीब शख्स को और क्या चाहिए? इस बीच दीपक रावत वहां से गुजर रहे थे और उनका ध्यान रिक्शे वाले की तरफ गया। दीपक रावत ने उससे बातचीत की और उसकी परेशानी जानी।
यह भी पढें - उत्तराखंड में जिलाधिकारी हो तो ऐसा, गरीब परिवार के बच्चों के लिए बेहतरीन काम
पहले तो IAS दीपक रावत ने उसे रहने का पता ठिकाना बताया और फिर रिक्शे वालों की परेशानी पर भी गौर किया। उन्होंने कहा कि वो खुद नगर निगम से कहेंगे कि रैन बसेरों में नंबर भी डिस्प्ले किए जाएं। दरअसल रिक्शे वाले को पता ही नहीं था प्रशासन की तरफ से गरीब लोगों के रहने के लिए रैन बसेरों का भी इंतजाम किया गया है। ये कुछ छोटी-छोटी सी बातें हैं, जिन वजहों से दीपक रावत लोगों के दिलों में जगह बना रहे हैं। अच्छा वीडियो है...आप भी देखिए