रुद्रप्रयाग में बारिश का कहर: केदारनाथ हाईवे पर मलबे में दबे कई वाहन, अलकनंदा खतरे के निशान से ऊपर
रुद्रप्रयाग में भारी बारिश ने तबाही मचाई है; मलबे के कारण केदारनाथ नेशनल हाईवे बंद हो गया है और कई गाड़ियां फंस गई हैं। अलकनंदा नदी खतरे के निशान से ऊपर बह रही है और उत्तराखंड के चार ज़िलों में स्कूल बंद हैं।
Aug 6 2026 11:02AM, Writer:राज्य समीक्षा डेस्क
लगातार हो रही मूसलाधार बारिश ने रुद्रप्रयाग जिले में एक बार फिर तबाही मचा दी है। बुधवार देर रात केदारनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग पर तिलवाड़ा स्थित स्मार्ट शौचालय के पास अचानक गदेरा उफान पर आ गया। देखते ही देखते भारी मात्रा में पानी, बोल्डर और मलबा हाईवे पर आ गया, जिससे कई वाहन मलबे में दब गए और क्षेत्र में अफरा-तफरी मच गई।
Kedarnath Highway Hit by Heavy Rain, Vehicles Trapped Under Debris
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार गदेरे का जलस्तर कुछ ही मिनटों में तेजी से बढ़ गया और भारी मलबा राष्ट्रीय राजमार्ग पर जमा हो गया। घटना के समय मार्ग से गुजर रहे वाहन चालकों और यात्रियों ने किसी तरह सुरक्षित स्थानों की ओर भागकर अपनी जान बचाई। रातभर इलाके में दहशत का माहौल बना रहा। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस, प्रशासन, आपदा प्रबंधन और संबंधित विभागों की टीमें मौके पर पहुंचीं। राहत एवं बचाव कार्य शुरू कर दिया गया है और प्रभावित वाहनों को सुरक्षित निकालने का प्रयास किया जा रहा है।
प्रशासन ने जारी की चेतावनी
जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी नंदन सिंह रजवार ने बताया कि भारी बारिश के कारण तिलवाड़ा क्षेत्र में गदेरा उफान पर आने से केदारनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग पर भारी मात्रा में मलबा जमा हो गया है। आगे पढ़िए..
सड़क को जल्द से जल्द सुचारू करने और प्रभावित वाहनों को निकालने के लिए संबंधित विभाग मौके पर तैनात हैं। साथ ही नुकसान का आकलन भी किया जा रहा है। उन्होंने लोगों से खराब मौसम के दौरान अनावश्यक यात्रा से बचने और प्रशासन व मौसम विभाग की एडवाइजरी का पालन करने की अपील की है।
अलकनंदा नदी खतरे के निशान से ऊपर
लगातार बारिश का असर अलकनंदा नदी पर भी साफ दिखाई दे रहा है। नदी का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है और यह खतरे के निशान से ऊपर बह रही है। तेज बहाव और लगातार बारिश के कारण कई निचले इलाकों में पानी घरों तक पहुंच गया है। वहीं पुनाड़ गदेरे पर सुविधानगर में स्थित बाल्मीकि बस्ती और जिला अस्पताल को जोड़ने वाला पैदल पुल पूरी तरह जलमग्न हो गया है, जिससे स्थानीय लोगों की आवाजाही प्रभावित हो गई है।
राहत एजेंसियां अलर्ट पर
जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी ने बताया कि प्रशासन स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है। पुलिस, एसडीआरएफ, आपदा प्रबंधन और अन्य संबंधित विभागों की टीमें अलर्ट मोड पर हैं। संवेदनशील क्षेत्रों की लगातार निगरानी की जा रही है। प्रशासन ने लोगों से नदी, गदेरों और भूस्खलन संभावित क्षेत्रों से दूर रहने तथा मौसम सामान्य होने तक अनावश्यक यात्रा नहीं करने की सलाह दी है।